Noida News / भारतीय टॉक न्यूज़ : धरती के भगवान कहे जाने वाले डॉक्टरों की कथित लापरवाही ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां मातम में बदल दीं। मामला नोएडा के सेक्टर-112 स्थित भारत मल्टी स्पेशियलिटी अस्पताल (Bharat Multi Speciality Hospital) का है, जहां गलत दवा देने से एक गर्भवती महिला और उसके गर्भ में पल रहे शिशु की दर्दनाक मौत हो गई। पुलिस द्वारा शुरुआत में कार्रवाई न किए जाने पर पीड़ित परिवार ने न्यायालय की शरण ली, जिसके आदेश पर अब सेक्टर-113 कोतवाली पुलिस ने अस्पताल प्रबंधन और स्टाफ के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
क्या है पूरा मामला?
मूल रूप से सोरखा गांव के रहने वाले सलीम ने कोर्ट में दी अपनी अर्जी में बताया कि उनकी पुत्रवधू शबाना गर्भवती थीं। 9 अक्टूबर को प्रसव पीड़ा (Labor Pain) होने पर उन्हें सेक्टर-112 स्थित भारत मल्टी स्पेशियलिटी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों ने भर्ती करते समय ही डॉक्टरों को शबाना के ब्लड प्रेशर (BP) की समस्या के बारे में स्पष्ट जानकारी दे दी थी, ताकि इलाज में सावधानी बरती जा सके।
मुंह से खून आया, फिर मच गई अफरा-तफरी
आरोप है कि अस्पताल के स्टाफ ने शबाना को एक इंजेक्शन/दवा दी। दवा देने के महज 15-20 मिनट बाद ही शबाना की हालत बिगड़ने लगी। अस्पताल में अचानक डॉक्टरों और स्टाफ के बीच अफरा-तफरी मच गई। घबराए हुए ससुर सलीम और पति शाहरुख जब वार्ड में पहुंचे, तो देखा कि शबाना के मुंह से खून आ रहा था और वह तड़प रही थी।
फोर्टिस ले गए, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी
हालत बेकाबू होते देख भारत अस्पताल के प्रबंधन ने पल्ला झाड़ते हुए मरीज को तत्काल फोर्टिस अस्पताल (Fortis Hospital) रेफर कर दिया। परिजन आनन-फानन में शबाना को लेकर फोर्टिस पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद महिला को मृत घोषित कर दिया। वहीं, अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट ने परिवार को दूसरा गहरा सदमा दिया—गर्भ में पल रहे बच्चे की मौत मां से पहले ही हो चुकी थी।
कोर्ट के डंडे के बाद जागी पुलिस
परिजनों का आरोप है कि यह सीधे तौर पर गलत इलाज और लापरवाही का मामला है। घटना के बाद उन्होंने पुलिस से शिकायत की थी, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। हारकर पीड़ित परिवार ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। अब कोर्ट के आदेश पर कार्रवाई करते हुए कोतवाली सेक्टर-113 पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।
कोतवाली प्रभारी का बयान:
सेक्टर-113 के एसएचओ कृष्ण गोपाल शर्मा ने पुष्टि की है कि “कोर्ट के आदेश पर संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। मामले की गहनता से जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।”

