ग्रेटर नोएडा/भारतीय टॉक न्यूज़: उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ सेक्टर पी-3 स्थित केबी (के.पी.) हेल्थकेयर सेंटर में एमआरआई (MRI) जांच के दौरान एक 6 वर्षीय मासूम की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि सेंटर के स्टाफ ने बच्चे को गलत इंजेक्शन और दवा की भारी खुराक (ओवरडोज) दी, जिसके चलते उसकी जान चली गई। मृतक की पहचान दनकौर क्षेत्र के रीलखा निवासी प्रशांत कसाना के पुत्र गर्व कसाना उर्फ चीकू के रूप में हुई है। इस घटना के बाद आक्रोशित परिजनों और किसानों ने सेंटर पर जमकर हंगामा किया और ताला जड़ दिया।

क्या है पूरा मामला?
परिजनों के अनुसार, वे अपने बेटे की एमआरआई जांच कराने के लिए सेंटर पहुंचे थे। जांच प्रक्रिया शुरू होने से पहले बच्चे को एक इंजेक्शन दिया गया और उसे मशीन के अंदर ले जाया गया। आरोप है कि जांच के दौरान बच्चे को भारी मात्रा में दवा दी गई, जिससे उसकी हालत बिगड़ने लगी और वह बेहोश हो गया। जब परिजनों ने बच्चे की स्थिति जाननी चाही, तो सेंटर की ओर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। आनन-फानन में मासूम को पास के प्रमहेक्स अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
भारी हंगामा और पुलिसिया कार्रवाई
मासूम की मौत की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए। प्रदर्शनकारियों ने हेल्थकेयर सेंटर पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए मुख्य गेट पर ताला लगा दिया। सूचना मिलते ही बीटा-2 थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सेंटर के दो कर्मचारियों को हिरासत में ले लिया है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, ताकि मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सके। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजनों की तहरीर के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

