Greater Noida/ भारतीय टॉक न्यूज़ (संवाददाता) : यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) ने शुक्रवार को जेवर के पास अपने अधिसूचित क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाया। इस अभियान में करीब 226 करोड़ रुपये मूल्य की 1 लाख 10 हजार वर्गमीटर जमीन को भू-माफियाओं के कब्जे से मुक्त कराया गया। यह कार्रवाई जेवर बांगर और मेवाला गोपालगढ़ गाँवों में की गई, जहाँ अवैध कॉलोनाइजर सक्रिय थे।
नोएडा/जेवर: यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) ने शुक्रवार को एक बार फिर अवैध निर्माण और अतिक्रमण के खिलाफ अपना सख्त रुख अख्तियार करते हुए बड़ी कार्रवाई की। प्राधिकरण के दस्ते ने जेवर बांगर और मेवाला गोपालगढ़ में बड़े पैमाने पर हुए अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया। इस ध्वस्तीकरण अभियान के तहत 226 करोड़ रुपये की कीमती जमीन को कब्जा मुक्त कराया गया। भू-माफिया इस जमीन पर अवैध रूप से पक्के निर्माण कर प्लॉटिंग कर रहे थे।
जेवर एयरपोर्ट के पास यमुना प्राधिकरण का बुलडोजर एक्शन! अधिसूचित जमीन पर अवैध कब्जे ध्वस्त, कॉलोनाइजरों के खिलाफ सख्ती। 12 बुलडोजरों से करोड़ों की जमीन मुक्त, भारी पुलिस बल तैनात। जेवर थाना क्षेत्र के सब नगर और गोपालगढ़ में कार्रवाई। 4 लाख वर्ग मीटर जमीन, 200… pic.twitter.com/unk42EoACm
— BT News |Bharatiya Talk| (@BharatiyaTalk) September 12, 2025
प्राधिकरण के विशेष कार्याधिकारी (ओएसडी) शैलेंद्र सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि यमुना प्राधिकरण के अधिसूचित क्षेत्र में अवैध कब्जे की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इसी क्रम में शुक्रवार को यह बड़ी कार्रवाई अमल में लाई गई। उन्होंने बताया कि कुल 1 लाख 10 हजार वर्गमीटर (11 हेक्टेयर) भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया है, जिसका बाजार मूल्य लगभग 226 करोड़ रुपये है।
एयरपोर्ट और फिल्म सिटी के चलते बढ़ी सक्रियता
ओएसडी शैलेंद्र सिंह ने बताया कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर एयरपोर्ट) और प्रस्तावित फिल्म सिटी के कारण इस क्षेत्र में जमीन की कीमतों में भारी उछाल आया है। इसी का फायदा उठाकर भू-माफिया और अवैध कॉलोनाइजर सक्रिय हो गए हैं। ये लोग भोले-भाले लोगों को सस्ते प्लॉट का झांसा देकर अपनी ठगी का शिकार बना रहे हैं और प्राधिकरण की अधिसूचित भूमि पर अवैध रूप से कब्जा कर रहे हैं।
प्राधिकरण की लोगों से अपील
प्राधिकरण ने आम लोगों से अपील की है कि वे किसी भी कॉलोनाइजर के बहकावे में न आएं। कोई भी प्लॉट या जमीन खरीदने से पहले यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के कार्यालय में आकर उस जमीन की स्थिति के बारे में पूरी जानकारी अवश्य प्राप्त कर लें। उन्होंने चेतावनी दी कि प्राधिकरण अपने अधिसूचित क्षेत्र में किसी भी तरह के अवैध निर्माण या कब्जे को बर्दाश्त नहीं करेगा और भविष्य में भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।
गौरतलब है कि यीडा क्षेत्र में आबादी भूखंड और अन्य प्लॉट बेचने के नाम पर धोखाधड़ी के कई मामले सामने आ चुके हैं। प्राधिकरण इस तरह की गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए लगातार प्रयासरत है और समय-समय पर ध्वस्तीकरण अभियान चलाता रहता है।

