Greater Noida/भारतीय टॉक न्यूज़: गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय (GBU) एक बार फिर भ्रष्टाचार के आरोपों की वजह से सुर्खियों में है। समाजवादी छात्र सभा के जिला अध्यक्ष मोहित नागर ने एक प्रेस वार्ता के दौरान विश्वविद्यालय के कुलपति और प्रशासन पर तीखे प्रहार किए। उन्होंने यूनिवर्सिटी में चल रहे ‘फीस घोटाले’ और ‘भर्ती धांधली’ को लेकर कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं।
20-25 लाख की फीस डकारने का आरोप
छात्र सभा जिला अध्यक्ष मोहित नागर ने आरोप लगाया कि बच्चों की गाढ़ी कमाई के लगभग 20-25 लाख रुपये फीस के नाम पर डकार लिए गए हैं। उन्होंने इसका मास्टरमाइंड कुलपति और विश्वास त्रिपाठी को बताया। छात्र सभा की मांग है कि यह पैसा बच्चों को वापस किया जाए और दोषियों पर मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेजा जाए।
रजिस्ट्रार की नियुक्ति और मानकों का उल्लंघन
प्रेस नोट के जरिए विश्वास त्रिपाठी पर भी गंभीर आरोप लगाए गए हैं। कहा गया कि वह बिना मानकों के रजिस्ट्रार पद पर काबिज हैं और उन पर केस भी चल रहा है। आरोप है कि उन्होंने यूनिवर्सिटी के जियो (JIO) में बदलाव कर अपनी भर्ती को ‘आजीवन’ सुनिश्चित कर लिया है। इतना ही नहीं, फरवरी से अब तक कुलपति ने अपने कई रिश्तेदारों और सगे-संबंधियों को बिना किसी अनुभव के ऊंचे पदों पर नियुक्त किया है, जबकि 15 वर्षों से सेवा दे रहे वरिष्ठ शिक्षकों को दरकिनार किया गया है।
यौन शोषण और बैलेंस शीट पर सवाल
यूनिवर्सिटी के माहौल पर सवाल उठाते हुए मोहित नागर ने कहा कि आए दिन यहां छात्राओं और महिलाओं के यौन शोषण के मामले सामने आते हैं। पिछले साल FIR दर्ज होने के बावजूद सीनियर अधिकारियों पर चल रही जांचें पूरी क्यों नहीं हुईं? साथ ही, उन्होंने यूनिवर्सिटी की बैलेंस शीट सार्वजनिक न करने पर भी सवाल उठाए और पूछा कि रखरखाव के लिए आने वाले करोड़ों रुपये आखिर कहां जा रहे हैं?
5 जनवरी से घेराव की चेतावनी
समाजवादी छात्र सभा ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि 5 जनवरी तक इन सभी बिंदुओं पर कड़ी कार्रवाई नहीं हुई, तो छात्र सभा यूनिवर्सिटी का घेराव करेगी और जरूरत पड़ने पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू करेगी। इस मौके पर प्रशांत भाटी, कृष्ण रावल, अंकित नागर, प्रिंस भाटी और प्रशांत वर्मा सहित कई अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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