Noida News/ भारतीय टॉक न्यूज़: उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्धनगर पुलिस कमिश्नरेट में एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया है। कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने और प्रशासनिक जरूरतों को देखते हुए, पुलिस आयुक्त कार्यालय ने कई राजपत्रित अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किए हैं। इस फेरबदल का मुख्य उद्देश्य सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और अपराध नियंत्रण को पहले से बेहतर बनाना है।
पुलिस आयुक्त कार्यालय से जारी आदेश के अनुसार, कई पुलिस उपायुक्त (DCP) और सहायक पुलिस आयुक्त (ACP) को नए दायित्व सौंपे गए हैं।
प्रमुख बदलाव और नई जिम्मेदारियां
डॉ. प्रवीण रंजन सिंह ,को पुलिस उपायुक्त मुख्यालय, पुलिस उपायुक्त लाइन्स और प्रभारी पुलिस उपायुक्त आरटीसी (RTC) का महत्वपूर्ण दायित्व सौंपा गया है।
श्रीमती शैव्या गोयल, जो पहले स्टाफ ऑफिसर पुलिस आयुक्त थीं, उन्हें अब अपर पुलिस उपायुक्त सेंट्रल नोएडा, प्रभारी पुलिस उपायुक्त नारकोटिक्स और अपर पुलिस उपायुक्त साइबर सुरक्षा की अहम जिम्मेदारी दी गई है। यह कदम सुरक्षा तंत्र, खासकर साइबर अपराध और नशीले पदार्थों की तस्करी पर लगाम लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
🔸मनीषा सिंह, को महिला सुरक्षा के पद से हटाकर प्रभारी पुलिस उपायुक्त ट्रैफिक की कमान सौंपी गई है। नोएडा-ग्रेटर नोएडा की सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक, ट्रैफिक व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए यह एक अहम बदलाव है। उनके अनुभव से क्षेत्र में ट्रैफिक जाम की समस्या से निजात मिलने की उम्मीद है।
🔸 पवन कुमार, को सहायक पुलिस आयुक्त मुख्यालय, मॉनिटरिंग सेल, प्रभारी ‘ऑपरेशन कन्विक्शन’ और रिट सेल की जिम्मेदारी दी गई है, जिससे अपराधियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई में तेजी आएगी।
🔸उमेश यादव, को सहायक पुलिस आयुक्त अपराध का कार्यभार सौंपा गया है, जिससे आपराधिक मामलों की जांच और रोकथाम में तेजी आने की संभावना है।
फेरबदल का उद्देश्य
पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर ने स्पष्ट किया है कि यह निर्णय जिले में पुलिसिंग की कार्यशैली में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाने के लिए लिया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि इन बदलावों से न केवल कानून-व्यवस्था मजबूत होगी, बल्कि ट्रैफिक प्रबंधन और अपराध पर नियंत्रण पाने में भी पुलिस और प्रभावी ढंग से काम कर सकेगी।

