Greater Noida / भारतीय टॉक न्यूज़: पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत लगातार तीन वर्षों (2023, 2024 और 2025) में ऐतिहासिक कार्रवाई करते हुए तस्करों के नेटवर्क पर करारा प्रहार किया है। पुलिस कमिश्नर श्रीमती लक्ष्मी सिंह के निर्देशन में चलाए गए सघन अभियानों के तहत, कुल 6865.793 किलोग्राम विभिन्न मादक पदार्थ (गांजा, चरस, स्मैक/हेरोइन, MDMA और नशीली गोलियां) बरामद किए गए हैं, जिनकी अनुमानित अंतरराष्ट्रीय बाजार कीमत 1 अरब 46 करोड़ 70 लाख रुपये से अधिक है।
तीन वर्षों में कार्रवाई का लेखा-जोखा
कमिश्नरेट पुलिस ने इन तीन वर्षों की अवधि में कुल 1545 अभियोग पंजीकृत किए और 1750 से अधिक अभियुक्तों को नामजद कर गिरफ्तार किया। नशे के अवैध कारोबार की कमर तोड़ने के लिए अपराधियों के विरुद्ध कठोर निरोधात्मक कार्रवाई भी की गई:
| वर्ष | पंजीकृत अभियोग | गिरफ्तार अभियुक्त | बरामद मादक पदार्थ (किग्रा) | अनुमानित कीमत (₹) | निरोधात्मक कार्रवाई |
|---|---|---|---|---|---|
| 2023 | 585 | 660 | 2777.457 | 93 करोड़ 50 लाख | 2 पर रासुका, अवैध संपत्ति जब्तीकरण |
| 2024 | 502 | 571 | 2791.075 | 40 करोड़ 70 लाख | हिस्ट्रीशीट (80), रासुका, गैंगस्टर एक्ट, PIT-NDPS |
| 2025 | 458 | 517 | 1297.261 | 12 करोड़ 50 लाख | रासुका, गैंगस्टर अधिनियम |
| कुल योग | 1545 | 1748+ | 6865.793 | 146 करोड़ 70 लाख | – |
(नोट: वर्ष 2025 के आंकड़े 20 नवंबर तक के हैं।)
तस्करों पर कसा ‘रासुका’ और ‘गैंगस्टर’ का शिकंजा
पुलिस ने न केवल बड़े पैमाने पर मादक पदार्थ जब्त किए हैं, बल्कि तस्करों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (रासुका), गैंगस्टर अधिनियम और PIT-NDPS अधिनियम के तहत भी कठोरतम कार्रवाई की है। मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित की गई अवैध संपत्तियों को जब्त करने की कार्रवाई भी प्रभावी ढंग से की गई है, जिसका उद्देश्य इस अवैध कारोबार की आर्थिक रीढ़ को तोड़ना है।
कमिश्नरेट पुलिस ने 2024 में 80 व्यक्तियों की हिस्ट्रीशीट खोली और तस्करी में इस्तेमाल होने वाले दुपहिया व चार पहिया वाहनों को भी जब्त किया। एनडीपीएस अधिनियम की धारा 52(ए) का पूर्ण अनुपालन करते हुए सभी मामलों में बरामद नमूनों को माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया है।
नशे के नेटवर्क पर प्रभावी अंकुश
पुलिस कमिश्नर श्रीमती लक्ष्मी सिंह ने बताया कि इन सघन अभियानों के परिणामस्वरूप मादक पदार्थों की तस्करी के नेटवर्क पर प्रभावी रूप से अंकुश लगा है। उन्होंने कहा, “हमारी पुलिस ने ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाते हुए नशीले पदार्थों के अवैध व्यापार को रोकने में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त की है। भविष्य में भी यह अभियान व्यापक स्तर पर जारी रहेगा ताकि जिले को नशामुक्त बनाया जा सके।”

