जेवर | भारतीय टॉक न्यूज़ : गौतमबुद्धनगर की जेवर थाना पुलिस ने 15 वर्षीय किशोर गोपाल की नृशंस हत्या के मामले का महज़ कुछ ही घंटों में सनसनीखेज खुलासा कर दिया है। बुधवार (27 मई 2026) को साबौता अंडरपास के पास पुलिस और बदमाशों के बीच हुई सीधी मुठभेड़ में दो हत्यारे पैर में गोली लगने से घायल हो गए, जबकि उनके तीसरे साथी को पुलिस ने घेराबंदी (कॉम्बिंग) कर दौड़ाकर दबोच लिया। पकड़े गए आरोपियों के पास से अवैध हथियार और वारदात में इस्तेमाल बिना नंबर की मोटरसाइकिल बरामद हुई है।
साबौता नहर पटरी पर चलीं तड़ातड़ गोलियां
थाना जेवर पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम साबौता अंडरपास के नीचे संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान एक स्प्लेंडर बाइक पर तीन संदिग्ध युवक आते दिखाई दिए। पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया, तो वे बाइक मोड़कर साबौता नहर पटरी की ओर भागने लगे।
पुलिस टीम ने पीछा किया, तो बाइक सवार बदमाशों ने पुलिस पर सीधे जान से मारने की नीयत से फायरिंग झोंक दी। पुलिस ने भी आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई करते हुए गोलियां चलाईं, जिसमें दो बदमाशों के दाहिने पैर में गोली लगी और तीनों बाइक समेत गिर पड़े।
मुठभेड़ में घायल और पकड़े गए आरोपियों की पहचान निम्नलिखित रूप में हुई है:
1. नरेश पुत्र सुरेश (निवासी ग्राम रोही, जेवर, गौतमबुद्धनगर) – मुठभेड़ में घायल
2. उमेश कुमार पुत्र रामज्ञा (निवासी ग्राम मीरपुर, चम्पारण, बिहार) – मुठभेड़ में घायल
3. मोहित पुत्र मनोज (निवासी ग्राम रोही, जेवर, गौतमबुद्धनगर) – मौके से भागते हुए कॉम्बिंग में गिरफ्तार
घायल बदमाशों को पुलिस ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए तुरंत इलाज के लिए नजदीकी सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया है।
दादी की डांट का बदला लेने के लिए मासूम को उतारा मौत के घाट
पुलिस पूछताछ में हत्यारों ने जो खुलासा किया, उसने सबको झकझोर कर रख दिया। आरोपियों ने बताया कि वे अक्सर मृतक गोपाल को अपने साथ ले जाकर बहला-फुसलाकर हुक्का पिलाते थे। करीब डेढ़ महीने पहले गोपाल की दादी को इस बात का पता चला, तो उन्होंने आरोपियों के घर जाकर उन्हें कड़ी फटकार लगाई थी और काफी खरी-खोटी सुनाई थी।
इसी डांट और बदनामी के कारण आरोपी रंजिश मान बैठे थे और बदला लेने की फिराक में थे। आगामी 21 मई को जब गोपाल उनकी तरफ आया, तो आरोपियों ने पहले उसे हुक्के में ज्यादा तंबाकू डालकर पिलाया। इसके बाद उसे रोही गांव के एक सुनसान, खाली मकान में ले गए और वहां बेरहमी से उसका सिर दीवार में दे मारा। गोपाल के बेहोश होने के बाद भी आरोपी तब तक वहीं खड़े रहे, जब तक कि उसकी सांसें पूरी तरह थम नहीं गईं।
पुलिस ने बताया कि पीड़ित पिता रविभूषण उर्फ बंटी की तहरीर पर पहले धारा 137(2) BNS (गुमशुदगी) के तहत केस दर्ज किया गया था, जिसे अब हत्या (धारा 103(1) BNS) और साक्ष्य मिटाने (धारा 238 BNS) में तब्दील कर दिया गया है।
अधिकारियों के अनुसार, मृतक बालक का पोस्टमार्टम डॉक्टरों के पैनल द्वारा पूरी वीडियोग्राफी के साथ कराया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में किशोर के सभी अंग सुरक्षित और मौजूद पाए गए हैं, जिससे पूर्व में चल रही निजी अंग काटे जाने की अफवाहों पर पूरी तरह विराम लग गया है। मृत्यु का सटीक कारण जानने के लिए विसरा सुरक्षित कर रासायनिक परीक्षण हेतु भेजा गया है।

