ग्रेटर नोएडा वेस्ट | भारतीय टॉक न्यूज़ : ग्रेटर नोएडा वेस्ट (ग्रेनो वेस्ट) की अरिहंत अंबर सोसाइटी में टावर के ऊपरी हिस्से से प्लास्टर गिरने के कारण एक निजी कंपनी के सीनियर मैनेजर विकास चावला (40) की दर्दनाक मौत के मामले में बिसरख कोतवाली पुलिस ने बड़ा एक्शन लिया है। रविवार को पुलिस ने इस लापरवाही के खिलाफ अरिहंत ग्रुप के बिल्डर और सोसाइटी की देखरेख करने वाली मेंटेनेंस एजेंसी ‘निंबस कंपनी’ के खिलाफ मुकदमा (प्राथमिकी) दर्ज कर लिया है।
कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए बिसरख पुलिस ने लापरवाही बरतने के आरोप में मेंटेनेंस इंचार्ज दीपक (32, निवासी यूनिटेक होराइजन सोसाइटी) को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। बिसरख कोतवाली के एसएसआई राजवीर सिंह ने बताया कि बिल्डर कंपनी से जुड़े अन्य जिम्मेदार लोगों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की विशेष टीमें गठित की गई हैं, जो लगातार दबिश दे रही हैं।
20वें माले से सीधे सिर पर गिरा भारी प्लास्टर, हार्ले डेविडसन पर सवार थे विकास
यह रूह कंपा देने वाला हादसा उस वक्त हुआ जब मूल रूप से दिल्ली के रहने वाले और नोएडा की एक निजी कंपनी में सीनियर मैनेजर के पद पर कार्यरत विकास चावला सोसाइटी परिसर के भीतर अपनी महंगी विदेशी हार्ले डेविडसन बाइक से निकल रहे थे। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, 20 मंजिला टावर की सबसे ऊपरी मंजिल के बीम आर्च का भारी-भरकम प्लास्टर अचानक उखड़कर सीधे नीचे आ रहे विकास के सिर पर गिर गया।
हादसे के वक्त विकास ने सिर पर हेलमेट नहीं पहना था। प्लास्टर के भारी वजन और भीषण चोट के कारण विकास ने अपनी भारी-भरकम बाइक पर से नियंत्रण खो दिया और बाइक अनियंत्रित होकर सीधे दीवार से जा टकराई। लहूलुहान हालत में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में साफ हुआ है कि सिर में गंभीर फ्रैक्चर होने और मस्तिष्क के अंदर भारी रक्तस्राव (इंटरनल ब्लीडिंग) होने की वजह से उनकी जान गई।
इस हादसे के बाद अरिहंत अंबर सोसाइटी के निवासियों में बिल्डर प्रबंधन के खिलाफ भारी गुस्सा है। निवासियों का कहना है कि सोसाइटी में फ्लैटों की कीमत आज के समय में करीब 1 करोड़ रुपये तक है। इसके साथ ही हर महीने ₹2.50 प्रति वर्गफीट की दर से मोटा मेंटेनेंस शुल्क भी बिल्डर और उसकी एजेंसी वसूलती है। इसके बावजूद टावरों की हालत खस्ताहाल हो चुकी है। सुरक्षा और रखरखाव के नाम पर निवासियों को सिर्फ धोखा मिल रहा है।
मृतक विकास के छोटे भाई दीपक चावला (निवासी ऐस डिविनो सोसाइटी, ग्रेनो वेस्ट) ने बिसरख कोतवाली में तहरीर दी है, जिसमें अरिहंत बिल्डर प्रबंधन और मेंटेनेंस टीम पर जानबूझकर लापरवाही बरतने, मेंटेनेंस के नाम पर उगाही करने और निर्माण कार्य में बेहद घटिया स्तर की सामग्री का इस्तेमाल करने के गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस ने इन आरोपों के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 106 (1) (लापरवाही के कारण किसी की मौत का कारण बनना) के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
मासूम बच्चों के सिर से उठा पिता का साया, नम आंखों से दी विदाई
रविवार को पोस्टमार्टम के बाद जब विकास चावला का शव परिजनों को सौंपा गया, तो पूरी सोसाइटी का माहौल गमगीन हो गया। परिजनों ने नोएडा के सेक्टर-94 स्थित अंतिम निवास श्मशान घाट पर नम आंखों के साथ उनका अंतिम संस्कार कर दिया। इस दुखद घड़ी में सोसाइटी के एओए (AOA) पदाधिकारी और सैकड़ों निवासी परिवार को ढांढस बंधाने पहुंचे थे। विकास अपने पीछे पत्नी, एक 12 वर्षीय बेटी और महज 5 वर्षीय मासूम बेटे को रोता-बिलखता छोड़ गए हैं। घर के इकलौते कमाऊ सदस्य की इस तरह अचानक हुई मौत से हंसता-खेलता परिवार पूरी तरह बिखर गया है।

