नोएडा | भारतीय टॉक न्यूज़ : उत्तर प्रदेश की प्रशासनिक व्यवस्था में एक सुखद और प्रेरणादायक बदलाव देखने को मिल रहा है। प्रदेश के 13 महत्वपूर्ण जिलों की बागडोर अब महिला आईएएस अधिकारियों के हाथों में है। यह न केवल महिला सशक्तिकरण का एक बड़ा उदाहरण है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि प्रदेश में प्रशासन के स्तर पर ‘नारी शक्ति’ की स्वीकार्यता और निर्णय लेने की क्षमता पर सरकार का भरोसा बढ़ा है।
इन जिलों में जिलाधिकारी (DM) के पद पर तैनात महिला अधिकारी न केवल जिले की कानून-व्यवस्था का संचालन कर रही हैं, बल्कि विकास योजनाओं के क्रियान्वयन और जन-शिकायत निवारण में भी अपनी कार्यकुशलता का लोहा मनवा रही हैं।
13 जिलों की कमान: एक नजर में
प्रशासनिक सेवा में महिलाओं की भागीदारी से जिलों के विकास कार्यों को नई दिशा मिल रही है। नीचे उन 13 जिलों और वहां तैनात महिला जिलाधिकारी की सूची दी गई है:
| क्र.सं. | जनपद (जिला) | जिलाधिकारी (IAS) का नाम |
|---|---|---|
| 1 | बिजनौर | जसजीत कौर |
| 2 | देवरिया | दिव्या मित्तल |
| 3 | गोंडा | प्रियंका निरंजन |
| 4 | गौतमबुद्ध नगर (नोएडा) | मेधा रूपम |
| 5 | बस्ती | कृतिका ज्योत्स्ना |
| 6 | बागपत | अस्मिता लाल |
| 7 | फतेहपुर | निधि गुप्ता वत्स |
| 8 | महोबा | ग़ज़ल भारद्वाज |
| 9 | श्रावस्ती | अन्नपूर्णा गर्ग |
| 10 | हापुड़ | कविता मीना |
| 11 | रायबरेली | सरनीत कौर ब्रोका |
| 12 | फर्रुखाबाद | डॉ. अंकुर लाठर |
| 13 | अम्बेडकर नगर | ईशा प्रिया |
इन महिला जिलाधिकारियों की नियुक्ति के बाद जिलों में कार्य संस्कृति में सकारात्मक बदलाव आए हैं। चाहे वह सरकारी योजनाओं का धरातल पर क्रियान्वयन हो या फिर जमीनी स्तर पर जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान, इन अधिकारियों ने अपनी कार्यशैली से प्रशासनिक मशीनरी को और अधिक संवेदनशील और सक्रिय बनाया है।
समाज के विभिन्न वर्गों में इन महिला अधिकारियों की सफलता को लेकर काफी उत्साह है, विशेषकर युवा छात्राओं और महत्वाकांक्षी महिलाओं के लिए ये अधिकारी एक रोल मॉडल के रूप में उभरी हैं।

